आज वैशाख मास की बुद्ध पूर्णिमा का बड़ा अवसर है। जैसा कि आप सभी जानते हैं हिन्दु धर्म में वैशाख मास का विशेष महत्व माना जाता है इसलिए इस मास में आने वाले सभी पर्वों का विशेष महत्व होता है। बुद्ध पूर्णिमा का यह अवसर ज्योतिष की दिशा आप के लिए अत्य़धिक शुभ माना जा रहा है। आज के दिन समसप्तक राज योग है यानि बृहस्पति देव व सुर्य देव एक-दूसरे के आमने-सामने होते हैं। यह एक शुभ घड़ी मानी जाती है।
आज क्योंकि एक बड़ा शुभ दिन तो यदि आप आज के दिन किसी कारोबार की शुरूआत करना चाहते हैं तो आज के दिन कर सकते हैं। हिन्दु धर्म में भगवान बुद्ध को विशेष गुरू माना जाता है इसलिए इन्हीं के जन्मदिन के अवसर पर यह दिन विशेष समझा जाता है। कहा जाता है कि भगवान बुद्ध का जन्मदिन होने के साथ-साथ इस दिन उन्हें ज्ञान की प्राप्ति भी हुई थी। इस का अर्थ यह है कि इस दिन का बौद्ध धर्म के अनुयायिओं के साथ-साथ हिन्दु धर्म के अनुयायिओं के लिए भी विशेष महत्व है। हिन्दु धर्म में भगवान बुद्ध को भगवान विष्णु का ही नौंवा अवतार माना जाता है।
आज के दिन किए गए किसी बड़े कार्य की शुरूआत मंगलकारी होना तय होगा।
यदि पूर्णिमा यानि आज के दिन आप देवी लक्ष्मी, विष्णु देव व चंद्रमा देव की पूजा करते हैं तो घर में सुख-समृद्धि व व्यापार में उन्नति के अवसर निश्चित ही प्राप्त होंगे। इस दिन यदि आप सिद्धि विनायक यानि भगवान गजनायक गणेश का व्रत करते हैं तो घर में आई दुख-दरिद्रता का धीरे-धीरे लोप होने लगता है।
एक अन्य रोचक तथ्य जो कि वैशाख पूर्णिमा के शुभ उपलक्ष से जुड़ा है। वह यह है कि मुरलीधर भगवान श्री कृष्ण के गरीब ब्राह्मण मित्र सुदामा की दरिद्रता भी इसी दिन के व्रत से दूर हुई थी। इसके अलावा सिद्धि विनायक व्रत करने से धर्मराज भी प्रसन्न होते हैं परिणामस्वरूप व्यक्ति को अकाल मृत्यु का भय खत्म हो जाता है। आइए जानते हैं कि इस दिन आपको क्या विशेष करना चाहिए-
घर की साफ-सफाई का दें विशेष ध्यान- जैसा कि हम बता चुके हैं इस दिन माता लक्ष्मी का प्रवेश पूजा तथा व्रत के दौरान होता है। इसलिए ध्यान रखें कि घर की साफ-सफाई बेहतर तरिके से सम्पन्न हो। घर की साफ-सफाई के पश्चात् बुद्ध पूर्णिमा के इस अवसर पर घर में गंगा जल का छिड़काव करें।
पूजा के लिए भगवान विष्णु व माता लक्ष्मी की मूर्ति को घर के मंदिर में स्थापित करें- इस दिन क्यों कि आप को माता लक्ष्मी व भगवान विष्णु की पूजा करने की सलाह दी जाती है इसलिए आवश्यक है कि आप घऱ में उनकी मूर्ति स्थापित करें। विधि-विधान से पूजा की सभी विधियों को संपन्न करें। साथ ही प्रवेश द्वार पर कुमकुम से स्वास्तिक का चिह्न बनाएं।
मीठे में खीर बनाएं- आज के दिन आप अपने घर के मंदिर में मखाने की खीर, साबूदाने की खीर का भोग जरूर लगाएं।
तिल-शक्कर व घी का प्रयोग- इस दिन विशेष पूजा के लिए घी-तिल शक्कर का पात्र मंदिर में स्थापित करें यदि संभव हो तो भगवान विष्णु के मंदिर में इन सभी पदार्थों का दान भी अवश्य करें।![]()
मीठे का करें दान- इस दिन आप 5 या 7 ब्राह्मणों को चीनी या गुड़ के साथ तिल का दान अवश्य करें। यह आपकी सुख-समृद्धि के लिए विशेष फलदायी होगा।
Nice
बुद्ध पुर्णिमा से जुड़े तथ्य साझा करना एक अच्छा प्रयास । शुभकामनाएँ