दीपिका पादुकोण ने महिलाओं से की ये अपील

आजकल ज्यादातर लोगों को  अवसाद यानि डिप्रैशन का शिकार होते हुए देखा जा रहा है, जिसमें अगर हम देखें तो महिलाओं की संख्या ज्यादा देखने को मिल रही है।  हाल मैं ही दिल्ली मैं फिक्की लेडीज संस्था (एफएलओ) की तरफ से शनिवार को फाइंडिंग ब्यूटी इन इम्पेर्फेक्शन विषय पर कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें दीपीका पादुकोण नज़र आयीं, कार्यक्रम के दौरान दीपीका महिलाओं को प्रेरित करती नज़र दिखीं ।

दीपिका का मानना है कि महिलाओं को कभी-कभी अपनी जिम्मेदारियों से छुट्टी लेनी चाहिए और इसके लिए खुद को दोषी नहीं मानना चाहिए। दीपिका का कहना है कि ‘परफेक्ट’ बनने के प्रयास में महिलाएं अपने ही बारे में सोचना बंद कर देती है।

उनका कहना है, ”मुझे लगता है कि अलग-अलग भूमिकाएं निभाने के दौरान महिलाओं में खुद को दोषी मानने का चलन बहुत ज्यादा है। वह हमेशा ‘परफेक्ट’ बनने की कोशिश करती हैं। मुझे लगता है कि अपने लिए समय निकालना बहुत जरूरी है और वह भी खुद को दोषी माने बगैर।

दीपिका ने कहा ”महिलाएं हमेशा किसी ना किसी के लिए कुछ ना कुछ करने को लेकर चिंता में रहती हैं। अपने लिए समय निकालना एकदम सामान्य है। करीब चार साल पहले अपने अवसाद के बारे में खुलकर बात करने वाली दीपिका ने कहा की लोगों को अपनी बातें साझा करने से शर्माना नहीं चाहिए क्योंकि उनकी बातें सुनकर समस्या से ग्रस्त अन्य लोगों को प्रेरणा मिलती है। दीपीका कभी भी ये बताते हुए नहीं हिचकीचाती की आज से चार साल पहले वो अवसाद यानि डिप्रैशन का शिकार हुई थीं, दीपीका बताती हैं कि ऐसे समय मैं उनके परिवार ने उनका बहुत साथ दिया था। और जब हम अपनी बात साझां करते हैं तो हम अवसाद जैसी समस्या से बाहर निकल सकते हैं।