
योग न केवल हमें स्वस्थ्य रखता है, बल्कि हमारे मन को भी शांत करता है. योग कई बीमारियों को ठीक करने में मदद करता है. आज हम आपको बताने जा रहे हैं कि आप थायाराइड के लिए कौन- कौन से योग अपना सकते हैं।

थायाराड एक ऐसी बीमारी बनती जा रही है है, जो दिन प्रतिदिन बढ़ती जा रही है. थायराइड गर्दन में पाई जाने वाली एक ग्रंथि है जो शरीर के मेटाबॉलिज्म को नियंत्रित करने का काम करती है. जब थायराइड ग्रंथि ज्यादा थायरॉक्सिन हार्मोन को पैदा करने लगती है तो इंसान कई परेशानियों का शिकार हो जाता है. तो चलिए जानते हैं कुछ योगासन जिन्हें अपनाकर आपको इस समस्या से छुटकारा पा सकते हैं।
विपरीत योगासन- करनी योग से थायराइड से छुटकारा पाया जा सकता है. इस योग को रोजाना करने से आपको कमर दर्द और घुटनों के दर्द से भी राहत मिल सकती है, इस योगासन को करना काफी आसान है. इसे करने के लिए आप दीवार की तरफ मुंह करके बैठ जाएं. हाथों को सहारा लेते हुए पीछे की ओर झुक जाएं और कूल्हों और पैरों को ऊपर उठाकर सीधे दीवार के साथ सटा लें.बांहों को शरीर से दूर फैला लें और हथेलियां ऊपर की ओर रहें.इस मुद्रा में करीब 5-15 मिनट तक रहें. फिर घुटनों को मोड़ते हुए दाई और घूम जाएं और सामान्य अवस्था में बैठ जाएं.

सर्वांगासन- सर्वांगासन कंधों के सहारे किया जाने वाला योग है. इसे करते समय पूरे शरीर का भार कंधों पर आता है. इससे आपके पूरे शरीर पर असर पड़ता है. सर्वांगासन करते समय गर्दन और कंधों पर जोर पड़ता है. इससे न सिर्फ आपके कंधे मजबूत हो सकते हैं बल्कि पाचन क्रिया भी बेहतर होने में मदद मिल सकती है.इस योगासन को करने के लिए पहले जमीन पर पीठ के बल लेट जाएं. हाथों को शरीर के साथ सीधा सटाकर रखें.अपने पैरों को धीरे-धीरे ऊपर उठाते हुए पीछे की तरफ ले जाएं. इसके बाद अपने कूल्हों और कमर को भी ऊपर की ओर उठा लें.इसके बाद कोहनियों को जमीन पर टिकाते हुए पीठ को अपने हाथों के जरिए सहारा दें और पैरों और घुटनों को ऊपर की ओर बिल्कुल सीधा कर दें. इसी मुद्रा में करीब एक-दो मिनट तक रहें और लंबी-गहरी सांस लेते रहें.अब वापस पैरों को पीछे की ओर ले जाएं और हाथों को सीधा करते हुए कमर को जमीन से सटाएं और पैरों को धीरे-धीरे वापस जमीन पर ले आएं

मत्सयासन- मत्सयासन के कई फायदे होते हैं. इस आसन को करने से कई परेशानियों को दूर किया जा सकता है. इस आसान से न सिर्फ थायराइड में मदद मिल सकती है बल्कि इससे कमर दर्द में भी राहत मिल सकती है साथ ही गर्दन, कमर में खिंचाव को दूर किया जा सकता है. कब्ज की समस्या से छुटकारा पाने के लिए भी इस आसन को किया जा सकता है.इसे करना काफी आसान है पहले पद्मासन की मुद्रा में बैठैं और हाथों का सहारा लेते हुए धीरे-धीरे पीछे की ओर झुकते हुए पीठ के बल लेट जाए हाथों की मदद से शरीर को ऊपर उठाएं और पैरों और सिर के बल पर शरीर को संतुलित कर लें.बाएं पैर को दाएं हाथ से और दाएं पैर को बाएं हाथ से पकड़ लें.इस स्थिति में रहते हुए ही धीरे-धीरे सांस लेते और छोड़ते रहें.करीब 30 सेकंड से एक मिनट तक इसी अवस्था में रहें. इसके बाद सांस छोड़ते हुए हाथों का सहार लेते हुए लेट जाएं और अपनी पहले की अवस्था में आएं.

हलासन- इस आसन को करना थोड़ा कठिन है, लेकिन यह थायराइड रोगियों के लिए एक दम सही है. थायराइड से छुटकारा पाने के लिए इस आसन को आप रोजाना कर सकते हैं इसके लिए पीठ के बल सीधा लेट जाएं और हाथों को भी शरीर से सटाकर सीधा रखें.
पैरों को घुटने से मोड़े बिना धीरे-धीरे ऊपर की ओर उठाएं और फिर सांस छोड़ते हुए पीठ को उठाते हुए पैरों को पीछे की ओर ले जाएं. पैरों की अंगुलियों को जमीन से स्पर्श करने का प्रयास करें. करीब एक मिनट तक इस अवस्था में रहते हुए धीरे-धीरे मूल अवस्था में वापस आ जायें.
इन योगासनों को अपनाकर आपको थायाराइड की समस्या में आराम मिल सकता है, साथ ही इन योगासनों को करने से पहले एक अपने चिकित्सक से परामर्श जरुर लें उसके बाद ही इन योगासनों को आप नियमित रुप से अपनायें ।