यादों को कह दो कि अभी मत आओ
अभी हम तुम्हें डायरी में उतार रहे हैं
याद कर रहे हैं तुम्हारी सौगात देने वाले को
थोड़ी वक़्त से शिकायत कर रहे हैं।।
सुनहरी स्याही का किया है इस्तेमाल हमने
हर याद को सुनहरा बना रहे हैं
सुनहरे अक्षरों में तब्दील हो जाए हर लम्हां
इसलिए सुनहरे शब्दों से डायरी के पन्ने सजा रहे हैं
यादों को कह दो कि अभी मत आओ
अभी हम तुम्हें डायरी में उतार रहे हैं
याद कर रहे हैं तुम्हारी सौगात देने वाले को
थोड़ी वक़्त से शिकायत कर रहे हैं।।
Writer- Kalpans Chauhan